
बड़ी खबर: नगर निगम सहारनपुर में स्टांप पेपर की बिक्री में अनियमितता, जनता की हो रही ठगी
सहारनपुर | नगर निगम सहारनपुर में स्टांप पेपर की बिक्री को लेकर गंभीर अनियमितताओं के आरोप लग रहे हैं। जानकारी के अनुसार, प्राइवेट मुंशी द्वारा दस रुपये के स्टांप पेपर को पचास रुपये में बेचा जा रहा है, जो कि सरकारी रेट से कहीं अधिक है। इस तरह की अनियमितताओं की वजह से जनता को भारी नुकसान हो रहा है, और इसे लेकर शहर में गहरी नाराजगी देखी जा रही है।
अधिकारियों की भूमिका पर सवाल
इस मामले में नगर निगम के अधिकारियों की भूमिका भी संदिग्ध बताई जा रही है। आरोप है कि अधिकारियों की जानकारियों के बावजूद, प्राइवेट मुंशी स्टांप पेपर की बिक्री कर रहे हैं, जबकि भारतीय स्टांप अधिनियम, 1899 के तहत, स्टांप पेपर केवल सरकारी दरों पर ही बेचे जा सकते हैं। नगर निगम के नियमों के मुताबिक, स्टांप पेपर की बिक्री केवल नगर निगम के अधिकृत एजेंटों द्वारा ही की जा सकती है।
क्या कदम उठाए जा सकते हैं?
- शिकायत दर्ज करें: नागरिकों को नगर निगम के अधिकारियों के पास औपचारिक शिकायत दर्ज करनी चाहिए और मामले की जांच की मांग करनी चाहिए।
- नियमों का पालन: नगर निगम को सुनिश्चित करना चाहिए कि स्टांप पेपर की बिक्री केवल सरकारी रेट पर और अधिकृत एजेंटों द्वारा ही की जा रही है।
- भ्रष्टाचार की शिकायत: यदि मामला भ्रष्टाचार से जुड़ा है, तो नागरिक भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम, 1988 के तहत शिकायत दर्ज कर सकते हैं।
यह मामला नगर निगम की कार्यशैली और प्रशासनिक लापरवाही को उजागर करता है। इस मुद्दे पर अगर तत्काल कार्रवाई नहीं की जाती, तो यह जनता में और भी अधिक आक्रोश पैदा कर सकता है।
📞 रिपोर्ट: वंदे भारत लाइव टीवी न्यूज़
📞 एलिक सिंह (संपादक) – 8217554083
📞 जिला प्रभारी (BJAC) भारतीय पत्रकार अधिकार परिषद्





